कृषि

Bakari Palan: भारत की ये 5 बकरी की नस्लें कर सकती हैं आपको मालामाल, जानिए

Bakari Palan: बकरी पालन करके आप अच्छी कमाई कर सकते हैं। लेकिन अगर आप वाकई में अच्छा मुनाफा कमाना चाहते हैं, तो कुछ खास नस्लों की बकरियों का चुनाव करना ज़रूरी है। तो चलिए आज हम आपको भारत की ऐसी ही 5 खास बकरी की नस्लों के बारे में बताते हैं जिनका पालन करके आप मालामाल बन सकते हैं। ये नस्लें उत्तर प्रदेश से लेकर राजस्थान तक पाई जाती हैं। इन सभी बकरियों का दूध और मीट लाजवाब होता है। कुछ का बाल और चमड़ा भी इस्तेमाल होता है, तो कुछ के दूध से ही लोग धनवान बन जाते हैं।

यह भी पढ़े- सरकार दे रही है पशुपालन सब्सिडी, जानिए कैसे मिलेगा 15 हजार का फायदा

1. सानन (Saanen)

भारत में कई ऐसी बकरी की नस्लें हैं जिनका पालन करके किसान अमीर बन सकते हैं। इनमें से कुछ का मीट बहुत खास होता है, तो कुछ का दूध। ऐसी ही एक खास बकरी है सानन। यह बकरी की नस्ल दूध उत्पादन के लिए बहुत ही खास मानी जाती है। यह बकरी हर रोज़ लगभग चार लीटर दूध देती है। इसकी खासियत ये है कि इसका दूध बहुत ही स्वादिष्ट और क्रीमी होता है।

2. बीटल (Beetal)

बீटल बकरी की नस्ल भी बहुत खास है। गोरखपुर के पशु चिकित्सक शिवकुमार वर्मा लोक 18 को बताते हैं कि ये बकरी काफी खास है और दूध उत्पादन भी बहुत अच्छा करती है। खासकर ये पंजाब में ज्यादा पाई जाती है। एक बीटल बकरी का वजन करीब 50 से 70 किलो होता है। यह बकरी डेढ़ साल में करीब दो बच्चों को जन्म देती है, जिसके माध्यम से इसकी अच्छी फार्मिंग की जा सकती है।

3. जामुनापारी (Jamunapari)

उत्तर प्रदेश की बहुत ही खास बकरी है जामुनापारी। इसे इटावा के नाम से भी जाना जाता है और इसका निर्यात इंडोनेशिया को भी किया जाता है। पशु चिकित्सकों का कहना है कि इस बकरी को दूध और मीट दोनों के लिए रोजाना पाला जाता है। इन दोनों से ही अच्छी आमदनी हो जाती है। यह बकरी हर रोज़ दो से तीन किलो दूध देती है। इसका वजन करीब 70 किलो होता है। इसके दूध की सबसे बड़ी खासियत ये है कि इसमें कोलेस्ट्रॉल कम होता है। सर्दियों के मौसम में ये ज्यादातर चारे पर ही गुजारा कर लेती है।

4. जखराना (Jakharana)

कई नस्लों के बीच एक बहुत ही खास नस्ल जखराना बकरी है, जिसके तीन गुण एक साथ पाए जाते हैं। इन्हीं तीनों गुणों के कारण ज्यादातर लोग इसे पालते हैं। यह बकरी अच्छे दूध और मीट के लिए फेमस है। यह ज्यादा बच्चे देती है। असली नस्ल की जखराना बकरी-बकरियों की पहचान ये होती है कि ये पूरी तरह से काली और चमकदार होती हैं। तीनों गुण एक साथ होने के कारण इनका ज्यादा पालन किया जाता है। जखराना नस्ल की बकरियों का मीट लाजवाब होता है। यह रोजाना दो लीटर दूध भी देती है।

यह भी पढ़े- Swift का धागा खोल देगी Renault की जब्बर कार, अच्छे लुक के साथ टनाटन फीचर्स से बनेगी मार्केट की दुल्हनिया

5. तोतापुरी (Totapuri)

भारतीय राज्य राजस्थान में पाई जाने वाली तोतापुरी बकरी की नस्ल सबसे पुरानी नस्लों में से एक है। यह बकरी भी काफी खास नस्ल की मानी जाती है। इसका मीट और दूध तो लाजवाब होता ही है लेकिन इसके अलावा इसके बाल और चमड़े का भी काफी इस्तेमाल होता है। इन्हीं चारों खूबियों के कारण इस बकरी का पालन किया जाता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button