कृषि

Arhar Variety: अरहर की यह उन्नत वैरायटी देती है 10 से 12 क्विंटल प्रति हेक्टेयर तक औसत उत्पादन, जानिए

Arhar Variety: देश में कई तरह के फसलों की खेती की जाती है और इसी में अरहर की खेती भी बड़े पैमाने पर की जाती है, अरहर की दाल की बड़ी मांग देखने को मिलती है, ऐसे में आप इसकी खेती करने का सोच रहे है तो आइये आपको इसकी उन्नत वैरायटी के बारे में बताते है जो की अपने अच्छे उत्पादन के लिए जनि जाती है तो आइये जानते है इसके बारे में….

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पूसा 16 अरहर

पूसा 16 अरहर की बात करी तो यह एक मध्यम अवधि वाली वैरायटी है जो 90-100 दिनों में पक जाती है। इसकी औसत उपज 8-10 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है। यह किस्म सूखा रोधक और रोग प्रतिरोधी है।

पूसा 2001 अरहर

इस वैरायटी की अरहर का देखे तो यह एक मध्यम अवधि वाली वैरायटी है जो 100-105 दिनों में पक जाती है। इसकी औसत उपज 10-12 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है। यह किस्म सूखा रोधक और रोग प्रतिरोधी है।

आईपीए 203 अरहर

आपको वता दे यह वैरायटी जल्दी पकने वाली वैरायटी है जो 80-85 दिनों में पक जाती है। इसकी औसत उपज 7-8 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है। यह किस्म अगेती बुवाई के लिए उपयुक्त है।

आईपीए आईपी-एच 09-5 अरहर

आईपीए आईपी-एच 09-5 अरहर की अर्ध-बौनी वैरायटी है जो 100-105 दिनों में पक जाती है। इसकी औसत उपज 9-10 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है। यह किस्म तने की मक्खी और मूंगफली की फली छेदक जैसे कीटों के प्रतिरोधी है।

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फुले टी 0012 अरहर

फुले टी 0012 अरहर की बौनी वैरायटी है जो 95-100 दिनों में पक जाती है। इसकी औसत उपज 8-9 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है। यह किस्म पत्ती रोग और फली छेदक जैसे रोगों के प्रतिरोधी है।

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